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उल्लू की भाषा - लोक कथा | Ullu ki bhasha - Lok katha in Hindi

एक बार एक राजा था. शुरू शुरू में उसके राज्य में प्रजा बहुत सुखी थी क्योंकि वह सब तरह से एक योग्य राजा था, लेकिन समय के साथ धीरे - धीरे वह आ…


तीन भाई और राजकुमारी - एक लोक कथा | Teen Bhai aur Rajkumari - Ek Lok Katha

प्राचीन काल की बात है, किसी नगर में तीन भाई रहते थे. तीनों भाइयों में आपस में बड़ा प्रेम था और वे एक दूसरे से कुछ भी नहीं छिपाते थे. उस नगर …


पुरखों की तलवार - लोक कथा | Purakhon ki talwar - A Folk tale in Hindi

किसी गाँव में बांकेलाल नाम का एक आदमी रहता था. वह घर का कामधाम कुछ नहीं करता था बल्कि रातदिन इसी उधेड़बुन में रहता था कि दूसरों को कैसे ठगा …


विजेता - एक लोक कथा | Vijeta - A Folk tale in Hindi

पुराने ज़माने में एक राजा था. उसकी एक बेटी थी. बड़ी ही सुन्दर. उन दिनों में जितने भी राजकुमार थे, वे लगभग सब के सब उसे अपनी रानी बनाने की चाह…


जो करे वही भरे - लोक कथा | Jo kare wahi bhare - Lok Katha in Hindi

बहुत पहले की बात है, किसी गाँव में रामदीन और तुलाराम नाम के दो आदमी रहते थे. दोनों छोटामोटा व्यापार करते थे और उनमें अच्छी मित्रता थी. एक ब…


तीन मनोकामनाएँ - हिन्दी लोक कथा | Teen Manokaamanaayen - A Hindi Lok Katha

एक गाँव में एक युवक था. पढ़ा लिखा विद्वान्, किन्तु गरीब.  दूसरे गाँव में एक युवती थी. गुणवान और सुशील, किन्तु साधारण शक्ल-सूरत वाली.  दोनों…


धूर्तनगरी - हिन्दी लोक कथा | Dhoortnagari - Hindi Lok Katha

किसी जमाने में घोड़ों का एक व्यापारी था. उसने इस व्यापार में बहुत धन कमाया और अपने बेटे धर्मसेन को भी यही काम सिखाया. जब वह वृद्ध हो गया तब …


राजा का कृपापात्र - लोक कथा | Raja ka Kripapatra - Lok Katha in Hindi

प्राचीनकाल की बात है. वर्धमान नामक नगरी में सुजय और विजय नाम के दो बड़े व्यापारी थे. दोनों वस्त्रों का व्यापार करते थे और उनकी दुकानें मुख्य…


सेठ और चोर - हास्यपूर्ण लोक कथा | Seth aur chor - A Funny folk tale in Hindi

पुराने जमाने की बात है. किसी गाँव में एक मालदार सेठ था. जितना मालदार उतना ही चतुर और कंजूस. एक दिन शाम के वक़्त सेठ को शौच जाने की जरूरत महस…


गीदड़ की राजनीति - लोक कथा | A Folk story in Hindi

एक बार किसी गीदड़ ने जंगल में एक मरा हुआ हाथी देखा. उसे देखकर गीदड़ का रोम-रोम प्रसन्न हो गया. वह सोचने लगा - "यह मुझे मेरे भाग्य से मि…


बूढ़े की संदूकची - लोक कथा | Sandookchi - A Folk tale in Hindi

एक बूढ़ा किसान गाँव के अपने छोटे से घर में अकेला रहता था. उसकी पत्नी गुजर चुकी थी और जो उसके तीन बेटे थे, वे जैसे जैसे उनकी शादियाँ होती गईं…


राजा और बाज़ - हिन्दी लोक कथा | Raja aur Baaz - Hindi Lok Katha

बहुत पुरानी बात है. गर्मियों का मौसम था. ऐसे में एक राजा अपने दलबल सहित जंगल में शिकार के लिए निकला. राजा के साथ उसका एक पालतू बाज़ पक्षी था…


आँखों की रोशनी - लोककथा | Ankhon ki roshani - Lok katha in Hindi

पुराने जमाने की बात है. किसी शहर में एक धनवान बुढ़िया रहती थी. उसका घर कीमती सामानों से हमेशा भरा रहता था. होनहार की बात, एक दिन बुढ़िया की आ…


अंधेर नगरी चौपट राजा की कहानी | Andher Nagari Chaupat Raja Ki Kahani - Lok katha

एक महात्मा जी देश भ्रमण को निकले थे. महात्माजी बड़े विद्वान् और दूरदर्शी थे. साथ में रामदास नाम का उनका एक शिष्य भी था. एक दिन गुरु और शिष्य…


महात्मा और चूहा - लोक कथा | Mahatma aur Chuha - Lok Katha in Hindi

किसी घने जंगल के बीच एक बहुत पहुंचे हुए तपस्वी महात्मा रहते थे. उनकी छोटी सी कुटिया में एक दिन एक चूहा न जाने कहाँ से आ गया और वहीं रहने लग…


भैंस - एक लोककथा | Bhains - Hindi Lokkatha

किसी गाँव में एक किसान अपनी पत्नी और बच्चों के साथ रहता था. एक दिन किसान सुबह सुबह कहीं जाने के लिए तैयार हो गया और अपनी पत्नी से बोला - &…


गधे की हजामत - लोक कथा | Gadhe ki Hazamat - Lok katha in Hindi

बहुत समय पहले बग़दाद शहर में अली नाम का एक नाई रहता था. वह हजामत की कला में बड़ा होशियार था. यही कारण था कि उसकी दूकान में शहर के बड़े बड़े अम…


चार भाई - हिन्दी लोककथा | Char Bhai- Lokkatha in Hindi

किसी गाँव में चार भाई रहते थे. चारों भाइयों में आपस में बड़ा प्रेम था और सभी एक दूसरे का कहना मानते थे. एक बार उनके इलाके में बहुत भयंकर अका…